बस्ती में पाइल्स पंचकर्म सेंटर का उद्घाटन, आयुर्वेदिक पद्धति से मिलेगा स्थायी इलाज - बस्ती जिला अस्पताल गेट नंबर 2 पर पाइल्स पंचकर्म सेंटर का शुभारंभ ■ मुख्य अतिथि डॉ जगदीश यादव ने फीता काटकर किया उद्घाटन ■ क्षारसूत्र विधि से पाइल्स का स्थायी इलाज संभव – डॉ शैलेन्द्र यादव ■ खराब दिनचर्या और फास्टफूड से बढ़ रहे पाइल्स के मरीज

 बस्ती में पाइल्स पंचकर्म सेंटर का उद्घाटन, आयुर्वेदिक पद्धति से मिलेगा स्थायी इलाज


- बस्ती जिला अस्पताल गेट नंबर 2 पर पाइल्स पंचकर्म सेंटर का शुभारंभ मुख्य अतिथि डॉ जगदीश यादव ने फीता काटकर किया उद्घाटन क्षारसूत्र विधि से पाइल्स का स्थायी इलाज संभव – डॉ शैलेन्द्र यादव खराब दिनचर्या और फास्टफूड से बढ़ रहे पाइल्स के मरीज

 

बस्ती (एएसपी टाइम्स) मरी जनपद में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए आज जिला अस्पताल के गेट नंबर 2 पर पाइल्स पंचकर्म सेंटर का विधिवत उद्घाटन किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी डॉ जगदीश यादव ने फीता काटकर सेंटर का शुभारंभ किया। उद्घाटन समारोह में क्षेत्र के गणमान्य लोग, चिकित्सक एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि डॉ जगदीश यादव ने कहा कि आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति भारत की प्राचीन और अत्यंत प्रभावशाली उपचार प्रणाली है, जो आज भी उतनी ही प्रासंगिक है। उन्होंने कहा कि पाइल्स जैसी समस्याएं आज के समय में तेजी से बढ़ रही हैं, जिसका मुख्य कारण अनियमित दिनचर्या, तनावपूर्ण जीवनशैली और फास्टफूड का अत्यधिक सेवन है। ऐसे में आयुर्वेदिक उपचार लोगों के लिए सुरक्षित और स्थायी समाधान प्रदान करता है। उन्होंने पाइल्स पंचकर्म सेंटर की सराहना करते हुए कहा कि यह केंद्र क्षेत्र के मरीजों के लिए एक बड़ी राहत साबित होगा और लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी।

सेंटर के संचालक एवं गुदा व पाइल्स रोग विशेषज्ञ डॉ शैलेन्द्र कुमार यादव ने बताया कि वर्तमान समय में कब्ज की समस्या तेजी से बढ़ रही है, जो आगे चलकर पाइल्स जैसी गंभीर बीमारी का रूप ले लेती है। उन्होंने कहा कि लोग अपनी दिनचर्या में बदलाव नहीं कर रहे हैं और जंक फूड का अत्यधिक सेवन कर रहे हैं, जिसके कारण यह समस्या आम होती जा रही है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अपने खानपान और जीवनशैली पर विशेष ध्यान दें।

डॉ शैलेन्द्र यादव ने आगे बताया कि उनके सेंटर पर आयुर्वेदिक पद्धति द्वारा क्षारसूत्र विधि से पाइल्स का स्थायी उपचार किया जाता है। यह एक प्राचीन और वैज्ञानिक विधि है, जिसमें बिना बड़े ऑपरेशन के रोग का जड़ से इलाज संभव होता है। उन्होंने कहा कि इस पद्धति में मरीज को कम दर्द, कम खर्च और जल्दी राहत मिलती है। साथ ही पुनः रोग होने की संभावना भी बहुत कम रहती है।

उद्घाटन समारोह के दौरान सेंटर की सुविधाओं की भी जानकारी दी गई, जिसमें पंचकर्म थेरेपी, आयुर्वेदिक परामर्श और विभिन्न प्रकार के गुदा रोगों का इलाज शामिल है। स्थानीय लोगों ने इस पहल का स्वागत करते हुए कहा कि अब उन्हें बेहतर इलाज के लिए बाहर जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।


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